रंग हज़ारों ज़ेहन में और चेहरा गुलाबी होली में
एक ख़ुमारी भंग की उसपे अदा शबाबी होली में
मौज ले गया कोई भँवरा भोलेपन को धता बता
हर एक नशे से बढ़कर है ये इश्क़ शराबी होली में
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एक ख़ुमारी भंग की उसपे अदा शबाबी होली में
मौज ले गया कोई भँवरा भोलेपन को धता बता
हर एक नशे से बढ़कर है ये इश्क़ शराबी होली में
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